गिरफ्तार आरोपियों में गिरोह का सरगना ज्ञान प्रकाश श्रीवास्तव उर्फ योगी (46) निवासी गुरुग्राम, हरियाणा (हाल पता नालासोपारा, मुंबई), प्रवीण कुमार श्रीवास्तव उर्फ कैप्टन उर्फ शेट्टी उर्फ रेड्डी (52)निवासी वाराणसी,मनोज कुमार श्रीवास्तव उर्फ बड़े सर (55) निवासी वाराणसी, विवेक सिंह (48)निवासी वाराणसी,शुभम पांडेय (37) निवासी जौनपुर (हाल पता गोरेगांव, मुंबई),योगेन्द्र चौहान (48)निवासी जौनपुर तथा बालमुकुंद दीक्षित (40)निवासी जौनपुर शामिल हैं। इससे पहले इस प्रकरण में कनिज फातमा उर्फ भावना पांडेय (24) और दीपिका पालीवाल (24) को भी गिरफ्तार किया जा चुका है। इस तरह अब तक कुल 09 आरोपी गिरफ्तार हो चुके हैं।
पूछताछ में खुलासा हुआ कि गिरोह वर्ष 2005 से सक्रिय है और छत्तीसगढ़, दिल्ली, नोएडा, पुणे, बड़ौदा, उदयपुर सहित कई राज्यों में 100 से अधिक लोगों को रकम दोगुनी करने और विदेशी तकनीक से काले नोटों को असली मुद्रा में बदलने का झांसा देकर अरबों रुपये की ठगी कर चुका है। आरोपी खुद को प्रभावशाली लोगों, बड़े नेताओं और विदेशी निवेशकों से जुड़ा बताते थे। प्रवीण कुमार श्रीवास्तव और मनोज कुमार श्रीवास्तव पूर्व में भी ठगी के मामलों में मुंबई एवं वाराणसी की जेल जा चुके हैं। फिलहाल, पुलिस फरार आरोपियों की तलाश में जुटी है और बरामद डिजिटल साक्ष्यों के आधार पर गिरोह के देशव्यापी नेटवर्क की जांच जारी है।



