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देवेश को आईआईटी मद्रास (चेन्नई) में मिली पीएचडी की उपाधि, केवी बालको के छात्र ने बढ़ाया कोरबा का मान

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कोरबा। जिले के रजगामार निवासी और छात्र देवेश कुमार जायसवाल ने जिले व प्रदेश का गौरव बढ़ाया है जो केन्द्रीय विद्यालय बालको के छात्र रहे हैं। जिन्होंने इटली में आयोजित कांफ्रेंस में भी हिस्सा लिया। वर्तमान में वे आईआईटी मद्रास में ही डॉक्टरेट रिसर्च असिस्टेंट के पद पर आगे की रिसर्च की तैयारी कर रहे हैं।
एसईसीएल कोरबा पूर्व अंतर्गत रजगामार में निवासरत डॉ. देवेश कुमार जायसवाल ने आईआईटी मद्रास (चेन्नई) में अर्थक्वेक इंजीनियरिंग (सिविल) में पीएचडी की पढ़ाई पूरी करते हुए सबसे कम समय 4 वर्ष 3 माह में डॉक्टरेट की उपाधि प्राप्त की है। इस दौरान देवेश वर्ष 2024 इटली में आयोजित 18वें वर्ल्ड कान्फ्रेंस ऑन अर्थक्वेक इंजीनियरिंग (डब्ल्यूसीईई 2024) इटली में सम्मिलित हुए थे। वर्ष 2023 में न्यूजीलैंड शहर के ऑकलैंड में आयोजित एनजेडएसईई 2023 कान्फ्रेंस में भी शामिल हुए। डॉ. देवेश कुमार जायसवाल ने अपनी प्रारंभिक शिक्षा सरस्वती शिशु मंदिर रजगामार से करने पश्चात् आगे की पढ़ाई केन्द्रीय विद्यालय बालको से की है। आईटी कोरबा से बीटेक की डिग्री और आईआईटी भुवनेश्वर से मास्टर (एमटेक) की डिग्री 2020 में प्राप्त की। देवेश एसईसीएल रजगामार से सेवानिवृत्त नवधा लाल जायसवाल के छोटे पुत्र और जीवन जायसवाल, डीके जायसवाल रजगामार के छोटे भाई है। डॉ. देवेश कुमार जायसवाल ने परिवार तथा समाज को गौरवान्वित किया है। सर्ववर्गीय जायसवाल समाज ने डॉक्टरेट की उपाधि प्राप्त करने पर डॉ. देवेश कुमार के उज्जवल भविष्य की कामना करते हुए बधाई और शुभकामनाएं दी है। वर्तमान में डॉ. देवेश कुमार जायसवाल आईआईटी मद्रास (चेन्नई) में ही डॉक्टरेट रिसर्च असिस्टेंट के पद पर आगे की रिसर्च की तैयारी कर रहे हैं। डाक्टरेट की उपाधि प्राप्त करने के दौरान उनके मार्गदर्शक डॉ. सीवीआर मूर्ति का सहयोग मिला।

 

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Author: Samarthy News

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