8 बड़े अधिकारियों के 35 ठिकानों पर लोकायुक्त की छापेमारी, सोने-चांदी के गहने जब्त, 31 करोड़ की संपत्ति का खुलासा

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बेंगलुरू। कर्नाटक लोकायुक्त ने 8 अधिकारियों के खिलाफ आय से अधिक संपत्ति के मामलों में 35 जगहों पर छापेमारी की और 31 करोड़ रुपये से ज्यादा की संपत्ति का पता लगाया है। आरोपी अधिकारियों के रिश्तेदारों के घरों, दफ्तरों और संपत्तियों पर बेंगलुरु शहर, बेंगलुरु ग्रामीण, दावणगेरे, कलबुर्गी और चिकमगलूर जि़लों में छापे मारे गए।
    लोकायुक्त कार्यालय से जारी एक विज्ञप्ति के अनुसार, तलाशी में कुल मिलाकर ?31.11 करोड़ से ज्यादा की चल और अचल संपत्तियां मिलीं। इन संपत्तियों में रिहायशी घर, जमीन के प्लॉट, खेती की जमीन, कमर्शियल प्रॉपर्टी, नकद, सोने-चांदी के गहने, गाडियां, बैंक डिपॉजिट और दूसरी कीमती चीजें शामिल हैं।
जिन अधिकारियों के यहां तलाशी ली गई, उनमें कर्नाटक हाउसिंग बोर्ड में टाउन प्लानिंग के एडिशनल डायरेक्टर राजन्ना एस.एल, बेस्कॉम में असिस्टेंट एग्जीक्यूटिव इंजीनियर उदय कुमार एम.बी, डिप्टी कंजर्वेटर ऑफ फॉरेस्ट हर्षवर्धन पी.एन, एनडब्ल्यूकेआरटीसी के चीफ मैकेनिकल इंजीनियर सिद्धेश्वर एन. हेब्बल, केआरआईडीएल के सुपरिटेंडेंट इंजीनियर सन्ना केनचप्पा, बयालुसीमे एरिया डेवलपमेंट बोर्ड के सेक्रेटरी कृष्णा नाइक एल.ए, पब्लिक वर्क्स डिपार्टमेंट में सुपरिटेंडेंट इंजीनियर माणिक एस. कनकट्टे और असिस्टेंट कंजर्वेटर ऑफ फॉरेस्ट के.एस. मोहन शामिल थे।
लोकायुक्त ने बताया कि तलाशी के दौरान लगभग 22.73 करोड़ की अचल संपत्ति और ?8.38 करोड़ की चल संपत्ति का पता चला। सबसे ज्यादा कीमत वाली संपत्ति कथित तौर पर राजन्ना एस.एल. के पास मिली, जिनकी संपत्ति और कीमती सामान की कीमत ?7.10 करोड़ आंकी गई। मणिक एस. कनकट्टे के पास लगभग ?4.95 करोड़ की संपत्ति मिली, जबकि हर्षवर्धन पी.एन. के पास लगभग ?4.85 करोड़ की संपत्ति का पता चला।
लोकायुक्त पुलिस कोकई जगहों से काफी मात्रा में कैश, सोने-चांदी के गहने, महंगी गाडियां और बैंक डिपॉजिट भी मिले। एक मामले में अधिकारियों ने 37 लाख कैश और ?1.23 करोड़ से ज्यादा कीमत के सोने-चांदी के गहने जब्त किए। लोकायुक्त पुलिस ने बताया कि ये छापेमारी उन आरोपों की चल रही जांच का हिस्सा थी, जिनमें कहा गया था कि अधिकारियों ने अपनी ज्ञात आय के स्रोतों से कहीं ज्यादा संपत्ति जमा की है। दस्तावेजों, फाइनेंशियल रिकॉर्ड और प्रॉपर्टी से जुड़े लेन-देन की और जांच चल रही है। यह ऑपरेशन हाल के महीनों में कर्नाटक लोकायुक्त द्वारा चलाए गए सबसे बड़े और समन्वित भ्रष्टाचार-विरोधी अभियानों में से एक है।

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Author: Samarthy News

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